Haryana News: गुरुग्राम में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के काफिले को काले झंडे दिखाने के मामले में कांग्रेस कार्यकर्ताओं के खिलाफ पुलिस की कार्रवाई जारी है। इसी क्रम में मंगलवार को एफआईआर में नामजद आठ और कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने सिविल लाइंस थाने पहुंचकर आत्मसमर्पण किया। कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद सभी को थाने से ही बेल बांड पर जमानत दे दी गई।
आत्मसमर्पण करने वाले कार्यकर्ताओं में सविंद्र लोहिया, मंदीप, मुकेश डागर, विकास हुड्डा, अशोक अंबावता, राकेश यादव, सुनील कुमार और नितिन यादव शामिल रहे। सभी कांग्रेस के शहरी और ग्रामीण जिला अध्यक्षों के साथ थाने पहुंचे। कांग्रेस लीगल सेल के चेयरमैन और वरिष्ठ अधिवक्ता मंदीप सेहरा की देखरेख में जमानत से जुड़ी कानूनी औपचारिकताएं पूरी की गईं।
Haryana News: काला अंब में 16 एकड़ में बनेगा भव्य शौर्य स्मारक, जानें क्या है पूरा प्लान
पहले भी हो चुकी है कई कांग्रेसियों की गिरफ्तारी
पुलिस के अनुसार, मुख्यमंत्री के काफिले के विरोध से जुड़े मामले में सिविल लाइंस थाने में विभिन्न धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज की गई थी। मामले में कार्रवाई के दौरान शुक्रवार रात आठ कांग्रेस कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार किया गया था। हालांकि, अगले दिन उन्हें जमानत मिल गई थी।
इसके बाद सोमवार रात कांग्रेस के शहरी जिला अध्यक्ष पंकज डावर और ग्रामीण जिला अध्यक्ष वर्धन यादव ने डीसीपी वेस्ट के सामने आत्मसमर्पण किया था। दोनों को भी जमानत दे दी गई थी। अब मंगलवार को आठ अन्य नामजद कार्यकर्ताओं के थाने पहुंचने के बाद इस मामले में जमानत पाने वाले कांग्रेसियों की संख्या और बढ़ गई है।
कांग्रेस ने सरकार पर लगाया आवाज दबाने का आरोप
जमानत मिलने के बाद कांग्रेस नेताओं ने प्रदेश सरकार और प्रशासन पर निशाना साधा। जिला अध्यक्षों ने कहा कि जनता से जुड़े मुद्दों को उठाना और सरकार की नीतियों का विरोध करना विपक्ष का लोकतांत्रिक अधिकार है। उन्होंने आरोप लगाया कि मुकदमों और कानूनी कार्रवाई के जरिए कांग्रेस कार्यकर्ताओं की आवाज दबाने की कोशिश की जा रही है।
कांग्रेस नेताओं ने दावा किया कि इस तरह की कार्रवाई से पार्टी कार्यकर्ता डरने वाले नहीं हैं। उन्होंने कहा कि जनता के अधिकारों और बुनियादी सुविधाओं से जुड़े मुद्दों को लेकर कांग्रेस अपना विरोध आगे भी जारी रखेगी।
गुरुग्राम की समस्याओं को लेकर सरकार पर हमला
कांग्रेस नेताओं ने गुरुग्राम की बुनियादी सुविधाओं को लेकर भी भाजपा सरकार पर सवाल उठाए। उनका आरोप है कि लंबे समय से सत्ता में रहने के बावजूद शहर की कई प्रमुख समस्याओं का स्थायी समाधान नहीं हो पाया है।
नेताओं ने टूटी सड़कों, जलभराव और खराब सीवरेज व्यवस्था का मुद्दा उठाते हुए कहा कि बारिश के दौरान कई इलाकों में हालात गंभीर हो जाते हैं। उन्होंने सरकार के विकास संबंधी दावों पर सवाल उठाते हुए मुख्यमंत्री से जमीनी स्तर पर स्थिति का जायजा लेने की अपील की।
सड़क से सदन तक संघर्ष जारी रखने का ऐलान
कांग्रेस ने स्पष्ट किया कि कार्यकर्ताओं पर कार्रवाई के बावजूद पार्टी जनता से जुड़े मुद्दों को उठाने से पीछे नहीं हटेगी। नेताओं ने कहा कि जब तक गुरुग्राम के लोगों को बेहतर बुनियादी सुविधाएं और उनके अधिकार नहीं मिलते, तब तक कांग्रेस सड़क से लेकर सदन तक अपनी आवाज बुलंद करती रहेगी।
Haryana News: हरियाणा में इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा, खरीदारों को मिलेगा बड़ा आर्थिक फायदा







